उदयपुर : गीतांजलि हॉस्पिटल के ऑडिटोरियम में अंतरराष्ट्रीय नर्सिंग दिवस बड़े उत्साह एवं गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में ईडी (एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर) अंकित अग्रवाल, वाइस चांसलर राकेश कुमार व्यास, सीईओ ऋषि कपूर, वाइस प्रेसिडेंट संदीप कुणावत, डॉ हरप्रीत सिंह मेडिकल सुपरिन्टेन्डेन्ट, सीएचआरओ डॉ राजीव पंड्या, डीन-जीडीआरआई डॉ एम् बालाजी, डीन-जीसीएन डॉ विजयम्मा अजमेरा एवं चीफ नर्सिंग ऑफिसर विजेंद्र सिंह राठौर सहित अस्पताल प्रबंधन, वरिष्ठ चिकित्सकों एवं नर्सिंग स्टाफ की विशेष उपस्थिति रही।


अंकित अग्रवाल ने कहा कि आज सभी नर्सिंग स्टाफ व् विद्यार्थी के बीच आने का अवसर पाकर उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हो रही है। उन्होंने कहा कि गीतांजलि हॉस्पिटल की सफलता के पीछे नर्सिंग स्टाफ की मेहनत, समर्पण और सेवा भावना का बहुत बड़ा योगदान है। उन्होंने कहा कि आज गीतांजलि की पहचान उदयपुर से लेकर जयपुर व् देश के अन्य राज्यों तक जिस सम्मान के साथ स्थापित हुई है, उसमें नर्सिंग स्टाफ का विशेष सहयोग रहा है। नर्सिंग कर्मियों ने अपनी व्यक्तिगत परेशानियों और चुनौतियों को सहन करते हुए भी संस्थान को निरंतर आगे बढ़ाने का कार्य किया है।
उन्होंने गर्व के साथ कहा कि यहां के नर्सिंग स्टाफ की कार्यशैली, अनुशासन और सेवा गुणवत्ता की तुलना अंतरराष्ट्रीय स्तर से की जा सकती है। अस्पताल का सम्पूर्ण स्टाफ सकारात्मक सोच और संवेदनशील व्यवहार के साथ कार्य करता है, जो मरीजों के विश्वास को और अधिक मजबूत बनाता है। निदेशक अग्रवाल ने विशेष रूप से महिला नर्सिंग स्टाफ को नमन करते हुए कहा कि वे अपने परिवार की जिम्मेदारियों के साथ-साथ दिन-रात ड्यूटी देकर जिस समर्पण भाव से कार्य कर रही हैं, वह वास्तव में प्रेरणादायक है।

उन्होंने कहा कि नर्सिंग स्टाफ के लिए उपलब्ध सभी प्रशिक्षण और कोर्सेस को भविष्य में और अधिक उच्च स्तरीय एवं गुणवत्तापूर्ण बनाया जाएगा, ताकि वे आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं के अनुरूप और अधिक दक्ष बन सकें। उन्होंने कहा कि चेयरमैन जे.पी. अग्रवाल का सपना है कि संस्थान से जुड़े लगभग 15 हजार कर्मचारियों के परिवार सुखी और समृद्ध रहें, उनके घर बिना किसी रुकावट के सुचारू रूप से चलते रहें तथा उनके बच्चे निरंतर प्रगति और उन्नति करते रहें। अंत में उन्होंने सभी कर्मचारियों और विशेष रूप से नर्सिंग स्टाफ को इस विशेष दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई दी।
वहीं वाइस चांसलर राकेश कुमार व्यास ने कहा कि नर्सिंग केवल एक पेशा नहीं, बल्कि सेवा, संवेदनशीलता और अपनत्व का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि जब सभी नर्सिंग स्टाफ एक-दूसरे को भाई-बहन की भावना से देखते हैं, तब कार्यस्थल पर पारिवारिक माहौल बनता है, जिससे आपसी सहयोग, विश्वास और सम्मान मजबूत होता है। उन्होंने कहा कि सकारात्मक और सौहार्दपूर्ण वातावरण का सीधा प्रभाव मरीजों की बेहतर देखभाल एवं संस्थान की सेवा गुणवत्ता पर पड़ता है।
सीईओ ऋषि कपूर ने कहा कि विश्व नर्सिंग दिवस समर्पण, सेवा भावना और संवेदनशीलता को सम्मान देने का अवसर है। उन्होंने नर्सिंग स्टाफ को अस्पताल की आत्मा बताते हुए कहा कि मरीजों को उपचार के साथ मानसिक संबल देने की सबसे महत्वपूर्ण जिम्मेदारी नर्सिंग टीम निभाती है। उन्होंने कहा कि गीतांजलि हॉस्पिटल में नर्सिंग इंपावरमेंट को प्राथमिकता देते हुए स्किल्स, कार्य नीति और रिकॉग्निशन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। अस्पताल प्रबंधन नर्सिंग स्टाफ को आधुनिक तकनीकों, एडवांस मेडिकल ट्रेनिंग और सुरक्षित कार्य वातावरण उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने यह भी कहा कि संस्थान का उद्देश्य केवल स्वास्थ्य सेवाएं देना नहीं, बल्कि एक सशक्त और प्रशिक्षित नर्सिंग व्यवस्था तैयार करना है।
कार्यक्रम में चीफ नर्सिंग ऑफिसर विजेंद्र सिंह राठौर ने कहा कि “नर्सिंग केवल एक पेशा नहीं, बल्कि सेवा, समर्पण, संवेदनशीलता और विश्वास की सबसे मजबूत पहचान है।”
इसके अतिरिक्त, गीतांजलि कॉलेज एंड स्कूल ऑफ़ नर्सिंग द्वारा अंतर्राष्ट्रीय नर्स दिवस 2026 के अवसर पर रक्तदान शिविर एवं “बायोफ्यूज़न” थीम पर प्रदर्शनी का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, संकाय सदस्यों एवं आमजन ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। रक्तदान शिविर में कुल 116 यूनिट रक्तदान किया गया, जिसका उद्देश्य समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना एवं मानव सेवा की भावना को प्रोत्साहित करना था।
साथ ही विद्यार्थियों की नवाचार क्षमता एवं वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने हेतु “बायोफ्यूज़न” थीम पर प्रदर्शनी आयोजित की गई, जिसमें प्रथम सेमेस्टर के विद्यार्थियों ने विभिन्न शैक्षणिक मॉडल प्रस्तुत किए। इन मॉडलों को उपस्थित अतिथियों एवं जनसमूह द्वारा काफी सराहा गया।
