एकलिंगनाथ के दरबार में की पूजा-अर्चना, बप्पा रावल पैनोरमा का किया अवलोकन
उदयपुर। राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े रविवार को उदयपुर प्रवास के दौरान ऐतिहासिक एवं धार्मिक नगरी कैलाशपुरी पहुंचे। उन्होंने यहां भगवान एकलिंगनाथ के दर्शन कर विधिवत पूजा-अर्चना की और प्रदेश की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली के लिए प्रार्थना की। इसके बाद उन्होंने मठाठा कैलाशपुरी स्थित मेवाड़ के संस्थापक बप्पा रावल के पैनोरमा का अवलोकन किया और मेवाड़ के गौरवशाली इतिहास एवं समृद्ध विरासत को करीब से जाना।

राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े श्रावण मास के शुभ अवसर पर रविवार सुबह करीब 10.45 बजे कैलाशपुरी पहुंचे। यहां एडीएम सिटी जितेंद्र ओझा, एएसपी उमेश ओझा, कार्यपालक मजिस्ट्रेट हितेष त्रिवेदी, मंदिर ट्रस्ट पदाधिकारियों ने उनकी अगवानी की। राज्यपाल ने भगवान एकलिंगनाथ के मंदिर में दर्शन किए। उन्होंने पूजा-अर्चना कर भगवान एकलिंगनाथ से प्रदेशवासियों की सुख-शांति, समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। ऐतिहासिक एकलिंगनाथ मंदिर की धार्मिक एवं आध्यात्मिक महत्ता से भी वे परिचित हुए।

एकलिंगनाथ के दर्शन के पश्चात राज्यपाल समीपवर्ती मठाठा गांव पहुंच कर बप्पा रावल पैनोरमा का अवलोकन किया। उन्होंने पैनोरमा परिसर में मेवाड़ के संस्थापक बप्पा रावल की अश्वारूढ़ प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया। प्राकृतिक वातावरण के मध्य निर्मित पैनोरमा में बप्पा रावल के जीवन, उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व, सैन्य अभियानों, नेतृत्व क्षमता तथा शासन व्यवस्था का विस्तृत और प्रभावी चित्रण किया गया है। राज्यपाल ने पैनोरमा में प्रदर्शित विभिन्न प्रसंगों को रुचि के साथ देखा और मेवाड़ के इतिहास से जुड़े महत्वपूर्ण तथ्यों की जानकारी ली।
पैनोरमा के अवलोकन के दौरान राज्यपाल मेवाड़ के गौरवशाली इतिहास, वीरता और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं से रूबरू हुए। बप्पा रावल के जीवन एवं मेवाड़ की स्थापना से जुड़े ऐतिहासिक प्रसंगों को जिस प्रभावी ढंग से प्रदर्शित किया गया है, उसे उन्होंने सराहा।
राज्यपाल ने कहा कि यह पैनोरमा मेवाड़ के इतिहास का आइना है। बप्पा रावल का व्यक्तित्व और कृतित्व अत्यंत प्रेरणादायी एवं अनुकरणीय है। उनका शौर्य, नेतृत्व और मेवाड़ के लिए योगदान इतिहास में विशिष्ट स्थान रखता है। उन्होंने कहा कि इस तरह के पैनोरमा नई पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास और महान विभूतियों से परिचित कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
राज्यपाल ने पैनोरमा के समीप स्थित बप्पा रावल की समाधि पर भी पहुंचकर श्रद्धापूर्वक नमन किया और पुष्पांजलि अर्पित की। उन्होंने मेवाड़ के संस्थापक बप्पा रावल के प्रति श्रद्धा व्यक्त करते हुए उनके योगदान को स्मरण किया।
