त्याग -तपस्या की मूर्ति मातृशक्ति का हो सम्मान – अग्रवाल

उदयपुर। नारायण सेवा संस्थान के सेवामहातीर्थ परिसर में चल रही ‘चार दिवसीय अपनों से अपनी बात’ का शुक्रवार को समापन हुआ। देश के विभिन्न राज्यों से ऑपरेशन कराने आए दिव्यांगों – परिचारकों और दानीजनों ने अपने उद्‌गार व्यक्त किए। संस्थान अध्यक्ष प्रशान्त अग्रवाल ने सम्बोधित करते हुए कहा कि परिवार में अपेक्षा रहित होकर जीवन जीएं, जिस घर में प्यार, स्नेह और त्याग -तपस्या की मूर्ति मातृशक्ति का सम्मान होता है वहां देवताओं का वास होता, वो घर स्वर्ग बन जाता है। उन्होंने कहा आईने बदलने से नहीं – खुद को बदलने की जरूरत है, हमें स्वयं को ओर बेहतर बनाते हुए मानवता की सेवा में तत्पर रहना चाहिए। कार्यक्रम का सीधा प्रसारण संस्कार चैनल पर हुआ।

Creative from India to the World