पिता ने बेटी का नहीं किया परित्याग, फिर भी कूटरचित दस्तावेजों से मां ने बदल दिया सरनेम

पिता की रिपोर्ट पर मां, ससुर व साले के खिलाफ धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज

उदयपुर।
शहर के सवीना थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी, ससुर व साले के खिलाफ उसकी पुत्री के दस्तावेजों में सरनेम बदलने का आरोप लगाते हुए मामला दर्ज कराया। रिपोर्ट में बताया कि उसने अपनी बेटी का परित्याग नहीं किया है, लेकिन उसकी मां, ससुर व साले ने विदेश भागने की मंशा से बेटी का सरनेम बदलकर अलग से पहचान पत्र भी बनवा लिए है। उसे इस मामले की जानकारी तब हुई, जब क्षेत्रीय पासपोर्ट कार्यालय से अनापत्ति के लिए उसे पत्र मिला था।  
थाने में दी रिपोर्ट में परिवादी जितेंद्र आयल सिंघानी पुत्र रमेश गगन सिंघानी निवासी विनायक नगर सेक्टर 12 ने बताया कि उसकी पत्नी हरनीक, ससुर सुरेंद्रसिंह कालरा और साले भूपेंद्र कालरा निवासी हिरणमगरी सेक्टर 11 आदिनाथ पब्लिक स्कूल के सामने ने षडयंत्र रचकर उसकी अवयस्क पुत्री पर्ल आयल सिंघानी के दस्तावेजों में हेराफेरी की और सरनेम सिंघानी को बदल कर कौर कर दिया है। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया कि आरोपियों ने नगर निगम में भी कूटरचित दस्तावेजों को पेश कर नए जन्म प्रमाण पत्र के लिए आवेदन किया। नगर निगम ने भी नया जन्म प्रमाण पत्र 26 अप्रेल 2021 को जारी कर दिया, जबकि मूल जन्म प्रमाण पत्र 14 फरवरी 2013 को ही पर्ल आयल सिंघानी के नाम से जारी किया जा चुका है, लेकिन आरोपियों ने उसकी अनुमति के बिना ही दूसरा जन्म प्रमाण पत्र जारी करवा लिया।
मामला यहीं आकर नहीं रूकता, इन आरोपियों ने योजना बनाकर पत्नी और बेटी का नया आधार कार्ड भी बनवा लिया। आधार कार्ड में उसकी पत्नी ने अपना नाम हरनीक कालरा व बेटी का नाम पर्ल कौर बताया। रिपोर्ट में बताया कि उसकी पत्नी ने दूसरा विवाह करने की मंशा और विदेश मेें जाकर रहने के उद्देश्य से इन दस्तावेजों  को नए रुप में बनाया, ताकि देश छोडक़र जाने में कोई समस्या पैदा नहीं हो। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया कि आरोपियों ने उसके कूटरचित हस्ताक्षर कर दस्तावेजों को बनवाया और उसे किसी प्रकार की जानकारी नहीं दी। वह अपनी बेटी का नैसर्गिक पिता और संरक्षक है और उसने अपने किसी भी अधिकार का परित्याग नहीं किया है। पुलिस ने रिपोर्ट के आधार पर नामजद आरोपियों के खिलाफ भादंसं की धारा 465, 466, 468, 471, 420 और 120 बी के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच एसआई प्राबेशनर सीताराम को सौंपी गई है।    

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