20 हजार से अधिक दर्शक बने एमकेएम फुटबॉल टूर्नामेंट के गवाह

10 दिवसीय प्रतियोगिता में देश की 12 टीमों ने खेला अपना बेहतरीन खेल

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डीएफए दिल्ली एकादश ने उदयपुर को 2-1 गोल से हरा जीती विजेता ट्रॉफी

समापन समारोह में भारतीय टीम के खिलाडी सुब्रतो पॉल और जिं़क के मुख्यकार्यकारी अधिकारी अरूण मिश्रा ने बढ़ाया खिलाडियों का उत्साह

उदयपुर। प्रदेश की सबसे बडी खेल प्रतियोगिताओं में से एक एमकेएम फुटबॉल टूर्नामेंट का 43वां संस्करण जावर के एमकेएम स्टेडियम में समारोह पूर्वक संपन्न हुआ। हिंदुस्तान जिंक द्वारा जावर माइंस मजदूर संघ के सहयोग से आयोजित 10 दिवसीय फुटबॉल टूर्नामेंट में देशभर की 12 टीमों ने अपना बेहतरीन प्रदर्शन किया। रोमांचक मुकाबले में डीएफए दिल्ली एकादश ने उदयपुर को 2-1 गोल से हरा कर ट्रॉफी जीत ली। उदयपुर की टीम ने मैच के आखिरी 7 मिनट में एक गोल किया वहीं विजेता टीम ने पहले हाफ में एक और दूसरे हाफ में 1-1 गोल किये। समापन समारोह में मुख्य अतिथि भारतीय फुटबॉल टीम के खिलाडी सुब्रत पॉल, हिन्दुस्तान जिंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अरूण मिश्रा एवं हिन्दुस्तान जिंक वर्कर्स फेडरेशन के अध्यक्ष यूएम शंकरदास ने टूर्नामेंट की विजेता टीम दिल्ली एकादश को एमकेएम ट्रॉफी दी। विजेता टीम को 2 लाख एवं रनर अप टीम को 1.50 लाख का चैक प्रदान किया गया।


दिल्ली इलेवन और एसटीएफसी श्रीनगर के बीच सेमीफाइनल मैच में दिल्ली की टीम ने 3-0 की बढ़त के साथ क्लीन स्वीप करते हुए उन्हें फाइनल में पहुंचा दिया। दून स्टार फुटबॉल क्लब और डीएफए उदयपुर के बीच सेमीफाइनल मैच में उदयपुर की टीम 12 साल बाद फाइनल में पहुंची। जावर के स्थानीय लोगों द्वारा दिखाया गया अटूट समर्थन और उत्साह एमकेएम टूर्नामेंट और जावर में लंबे समय से फुटबॉल से जुड़ाव का गवाह बना। इस वर्ष टूर्नामेंट में फ्रंटियर महिला फुटबॉल क्लब दिल्ली और राजस्थान इलेवन के बीच एक मेत्री महिला मैच भी आयोजित हुआ।
समापन समारोह में सुब्रतो पॉल ने कहा कि, परंपरागत एमकेएम फुटबॉल टूर्नामेंट में इतनी बड़ी संख्या में समर्थन और उत्साह देखकर बहुत अच्छा लगा। मुझे उम्मीद है कि यह भविष्य के फुटबॉल सितारों के लिए एक लॉन्च पैड बनेगा और भारतीय फुटबॉल के लिए नए रिकॉर्ड बनाएगा। मैच में खेलने वाली टीमों को मेरी शुभकामनाएं।
अरुण मिश्रा ने कहा कि, एमकेएम फुटबॉल टूर्नामेंट अपनी तरह का अनूठा आयोजन है, जो सभी स्तरों – कर्मचारियों, समुदाय, ग्राहकों, से एचजेडएल के हितधारकों को एक साथ मंच पर लाता है। यह वास्तव में गर्व का क्षण है जिसमें जावर के कर्मचारी, स्थानीय लोग और आमजन एमकेएम टूर्नामेंट का हिस्सा बनने के लिए बड़ी संख्या में इकट्ठा होते हैं और अपनेपन की भावना महसूस कर इसके विस्तार में योगदान करते हैं। एमकेएम की सफलता साल दर साल बढ़ रही है।
यूएम शंकरदास ने कहा कि फुटबॉल के मूल में जावर की विरासत को अक्षुण्ण देखना अच्छा है। इतिहास लंबा है और तीन साल के ब्रेक के बाद भी एमकेएम फुटबॉल टूर्नामेंट को वापस एक्शन में देखना सुखद है। उन्होंने हिन्दुस्तान जिंक को धन्यवाद देते हुए टीम को शुभकामनाएं दी।
एमकेएम टूर्नामेंट में 20 हजार से अधिक लोगों की भारी भागीदारी देखी गई, जो फुटबॉल की भावना के साथ जोश और अपनी पसंदीदा टीम का समर्थन करने के लिए एकत्र हुए थे। हिंदुस्तान जिंक खेलों से जुड़ा हुआ है और लगभग 4 दशकों से खेलों को बढ़ावा दे रहा है। कंपनी द्वारा 1976 में राजस्थान के जावर में अपना फुटबॉल स्टेडियम बनाया था। एमकेएम टूर्नामेंट सामुदायिक भागीदारी और सामुदायिक जुडाव को बढ़ावा देने के लिए एक एकीकृत के रूप में उभरा है, और स्थानीय समुदायों से जुड़ने के लिए सबसे महत्वपूर्ण मंचों में से एक साबित हुआ है।