पिम्स हॉस्पिटल में समय पूर्व जन्मे बच्चों का सफल उपचार

उदयपुर। पेसिफिक इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (पिम्स) हॉस्पिटल, उमरड़ा में चिकित्सकों ने समय पूर्व जन्मे बच्चों का सफल उपचार किया है।
पिम्स हॉस्पिटल के चैयरमेन आशीष अग्रवाल ने बताया कि डॉ. अंकितकुमार पंचाल के नेतृत्व में 6-7वें महिने में पैदा हुए नवजात शिशुओं को सफलतापूर्वक घर भेजा जा रहा है। दोनो नवजात शिशुओं का वजन 800 ग्राम के आसपास था। समय पूर्व पैदा हुए नवजात शिशुओं का मान्य वजन और मान्य माह तक पहुंचाना एक जटिल और लम्बा श्रम रहता है। इनमें इंफेक्शन और दूध ना पचना मुख्य बाधाए डालते है। साथ में फेफडें का परिपक्व ना होना भी एक बडी बाधा है। यह सब होने के बावजूद दोनों बच्चों को पिम्स हॉस्पिटल, उमरड़ा एनआईसीयू विभाग घर पर भेजने के लिए बिना कोई मोरबिडीटी के सक्षम रहा।
आशीष अग्रवाल ने बताया कि बच्चों का भामाशाह, चिरंजीवी योजना के तहत निःशुल्क उपचार किया गया है। दोनो नवजात शिशु अभी स्वस्थ है। इस कार्य में पीड्रियाट्रिक विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विवेक पाराशर, डॉ. राहुल खत्री डॉ. प्राज्ञी टींगरा, डॉ. अतंरिक्ष वर्मा, पीड्रियाट्रिक रेजिडेन्ट डॉ. उज्ज्वल, डॉ. अमिता, डॉ. शुभाजीत, डॉ. नेहा के साथ में एनआईसीयू इंचार्ज अशोक, कुलदीप, मेहनाज, वर्षा, राशि, दीपक, लोकेश, शिव, रेखा, रीना व भंवर नर्सिग स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही

Related posts:

पिम्स हॉस्पिटल में समय से पूर्व जन्मे बच्चे का सफल उपचार

Hindustan Zinc will be among the best companies in world : Chairperson

80 वर्षीय महिला की दूरबीन द्वारा सफल स्पाईन सर्जरी

जार सदस्यों को मास्क व सेनेटाइजर वितरित

HDFC Bank launches pilot for Offline Digital Payments

हरितराज सिंह मेवाड़ ने फ्लैग ऑफ कर फेरारी कारों के दल को किया रवाना

हिन्दुस्तान जिंक के शिक्षा संबल कार्यक्रम में इस वर्ष लाभान्वित हो रहे 1500 विद्यार्थी

एचडीएफसी बैंक एक लाख वीएलई के माध्यम से भारत के गांवों में ‘समर ट्रीट’ प्रस्तुत करेगा

जार की कार्यकारिणी घोषित, अजयकुमार आचार्य महासचिव नियुक्त

कोटा की तुलना में उदयपुर कमजोर पड़ता है : कटारिया

असुरक्षित कार्य को ना कहने की प्रतिज्ञा के साथ जिंक स्मेल्टर देबारी में 53वां सुरक्षा सप्ताह सम्पन्न

5 साल से कम उम्र के बच्चों में फ्लू के कारण अस्पताल में भर्ती होने का खतरा 7 गुना ज्यादा रहता है