सिडबी द्वारा एमएसएमई इकाइयों को कोविड-19 आपदा से निपटने में मदद के लिए ‘स्वावलंबन संकटकालीन प्रतिक्रिया निधि’ की स्थापना

जयपुर। सूक्ष्म लघु व मध्यम उद्यमों के संवद्र्धन, वित्तपोषण और विकास में संलग्न प्रमुख वित्तीय संस्थान,भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी),व्यापार प्राप्य डिस्काउंट सिस्टम (ट्रेड्स) प्लेटफॉर्म पर एमएसएमई इकाइयों को नि:शुल्क जोड़े जाने को समर्थन देने के लिए एक ‘स्वावलंबन संकटकालीन प्रतिक्रियानिधि’की स्थापना कर रहा है। रिसीवेबल एक्सचेंज ऑफ इंडिया लि. (आरएक्सआईएल), एम1एक्सचेंज और इन्वोइसमार्ट ये तीन ट्रेड्सप्लेटफॉर्म हैं जो एमएसएमई इकाइयों को कई वित्त-प्रदाताओं के माध्यम से बीजकों की बट्टे पर भुनाई के द्वारा कार्यशील पूंजी तक पहुंचप्राप्त करने में मदद करते हैं।
सिडबी के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक श्री मोहम्मद मुस्तफा, आईएएस ने कहा, सरकार एमएसएमई पारितंत्र को सुदृढ़बनाने के लिए कई कदम उठा रही है और इनसे अर्थव्यवस्था में नए अंकुरों के प्रस्फुटन से सकारात्मक परिणाम दिखाई देने लगे हैं। कोविड-19 के प्रभावों पर त्वरित जवाबी प्रतिक्रिया के लिए भारत सरकार की कई पहलों को लागू करने के लिए सिडबी ने एक प्रमुख संवाहक की भूमिका निभाई है। स्वावलंबन संसाधन सुविधा के अंतर्गत स्वावलंबन संकटकालीनप्रतिक्रिया निधि (एससीआरएफ़) स्थापित करने का वर्तमान प्रयास, जिसमेंसिडबी ने अंतर्राष्ट्रीय विकास विभाग (डीएफ़आईडी),यूके के साथ साझेदारी की हैं, बैंक द्वारा अभी तक किए गए हस्तक्षेपों में एक और विभेदीकृत हस्तक्षेप है। इसका लक्ष्य इस चुनौतीपूर्ण समय के दौरान एमएसएमई को राहत देना है। हमें उम्मीद है कि एमएसएमई,ट्रेड्स पर जुडने के इस अवसर का अधिकतम लाभ उठाएंगे और इस प्रकार नकद प्रवाह में आकुंचन/ गंभीर कमी की जो समस्या है इससे उन्हें राहत मिल सकेगी।
ट्रेड्सएक इलेक्ट्रॉनिक प्लेटफ़ॉर्म है जहां बड़े खरीदारों (बड़े कॉरपोरेट्स, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, सरकारी विभाग इत्यादि) के प्रतिएमएसएमई इकाइयों की प्राप्य राशियों के सन्दर्भ में आहरित किये गए बीजकों को विविध वित्तपोषकों के माध्यम से प्रतिस्पर्धी दरों पर नीलामी तंत्र के माध्यम से वित्तपोषित किया जाता है। ट्रेड्स विशेष रूप से इसकोविड-19 के चुनौतीपूर्ण समय मेंएमएसएमई इकाइयोंके चिरकालीन नकदी प्रवाह जैसी समस्याओं का एक उत्तर है। एमएसएमई इकाइयोंको इन प्लेटफार्मों पर अधिक संख्या में जुडऩे और लाभ प्राप्त करने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से इन प्लेटफार्मों के साथ विचार-विमर्श किया गया। राष्ट्रीय प्रतिक्रियादायी पहल में सक्रिय रूप से शामिल होने के लिए वे सितंबर 2020 तक एमएसएमई इकाइयों को मुफ्त में जुडने की पहुंच प्रदान करने के लिए आगे आये हैं। निधि का उपयोग ट्रेड्स प्लेटफॉर्म पर शामिल होने / पंजीकरण शुल्क की लागत को आंशिक रूप से कम करने और ट्रेड्स कंपनियों की सहायता के लिए होगा ताकि वे यह सुनिश्चित कर सकें कि प्लेटफार्म पर शामिल होने के प्रभारों से एमएसएमई इकाइयां मुक्त रहें।
सिडबी 10 शहरों के समूहों में एक विभेदित क्लस्टर आउटरीच कार्यक्रम का भी नेतृत्व कर रहा है, जहां 5 साझेदार संस्थानों (फिनटेक, गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियां- अल्प वित्त संस्थाएं)के माध्यम से यह ट्रेड्स, गवर्नमेंट ई मार्केट प्लेस आदि के बारे में जागरूकता पैदा करेगाऔरएमएसएमई इकाइयों को इन पर जोड़े जाने को बढ़ावा देगा।

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