ऐतिहासिक उपलब्धि : डॉ. पी. पी. शर्मा ने सफलतापूर्वक पूरी कीं 5000 से अधिक लैप्रोस्कोपिक कोलेसिस्टेक्टोमी सर्जरी

उदयपुर : पैसिफिक इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेस (पिम्स ), उमरड़ा के जनरल सर्जरी विभाग के वरिष्ठ प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष डॉ. पी. पी. शर्मा ने चिकित्सा विज्ञान और शल्य चिकित्सा (सर्जरी) के क्षेत्र में एक नया और स्वर्णिम कीर्तिमान स्थापित किया है। उन्होंने अपने अद्वितीय सर्जिकल कौशल का परिचय देते हुए 5000 से अधिक सफल ‘लैप्रोस्कोपिक कोलेसिस्टेक्टोमी’ (दूरबीन विधि द्वारा गॉलब्लैडर या पित्ताशय निकालने की सर्जरी) पूरी कर ली हैं।
चिकित्सा जगत में यह उपलब्धि कोई सामान्य बात नहीं है। यह डॉ. पी. पी. शर्मा के वर्षों के कठोर परिश्रम, अटूट समर्पण और मरीजों के प्रति उनकी गहरी प्रतिबद्धता का प्रत्यक्ष प्रमाण है। “मानव सेवा ही माधव सेवा है” इस शाश्वत सत्य को अपने जीवन और पेशे का मूल मंत उनकी महारत और अनुभव के कारण ही हज़ारों मरीजों को दर्द से मुक्ति मिली है और वे एक स्वस्थ जीवन जी रहे हैं।
उपलब्धि के मुख्य बिंदु :

Creative from India to the World
  • अत्याधुनिक तकनीक का प्रयोग : सभी 5000 से अधिक सर्जरी दूरबीन विधि (लैप्रोस्कोपिक) द्वारा की गई हैं, जिससे मरीजों को कम दर्द सहना पड़ा और वे जल्दी स्वस्थ होकर घर लौट सके।
  • निरंतरता और समर्पण : यह कीर्तिमान रातों-रात नहीं बना, बल्कि इसके पीछे निरंतरता और अथक साधना छिपी है।
  • मरीजों का अटूट विश्वास : यह संख्या केवल एक आँकड़ा नहीं है, बल्कि 5000 से अधिक परिवारों के उस भरोसे का प्रतीक है जो उन्होंने डॉ. पी. पी. शर्मा और हमारे संस्थान पर जताया है।
    इस ऐतिहासिक मील के पत्थर को छूने के अवसर पर डॉ. पी. पी. शर्मा ने अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि एक चिकित्सक के लिए उसका मरीज ही सर्वोपरि होता है। मेरे लिए 5000 का यह आँकड़ा केवल सर्जरी की संख्या नहीं, बल्कि उन 5000 मुस्कुराहटों का प्रतीक है जो सफल इलाज के बाद मरीजों के चेहरों पर लौटी हैं। ‘परिश्रम ही सफलता की कुंजी है’, और मैं इस सफलता का श्रेय ईश्वर की कृपा, अपनी पूरी सर्जिकल टीम के सहयोग और मरीजों के विश्वास को देता हूँ।
    अस्पताल के निदेशक/प्रबंधन ने इस अवसर पर कहा कि डॉ. पी. पी. शर्मा की यह उपलब्धि न केवल हमारे अस्पताल के लिए बल्कि पूरे चिकित्सा जगत के लिए एक प्रेरणा है। हम उनके इस पुनीत कार्य और भविष्य के सभी प्रयासों के लिए उन्हें हार्दिक शुभकामनाएँ देते हैं।