खाटूश्याम जी के दरबार में शीश नवाने साइकिल पर निकले कौशल श्रीमाली, 8 अक्टूबर को दर्शन का लक्ष्य

मां ने तिलक लगाकर और साइकिल की पूजा-अर्चना कर किया रवाना, प्रतिदिन करीब 100 किलोमीटर का सफर तय कर पहुंचेंगे बाबा के दरबार
उदयपुर।
आस्था, श्रद्धा और अटूट विश्वास का अनूठा संगम उस समय देखने को मिला, जब उदयपुर के बड़गांव स्थित वैशाली नगर निवासी कौशल श्रीमाली खाटूश्याम जी के दर्शन की मनोकामना लेकर साइकिल यात्रा पर रवाना हुए। बाबा श्याम के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट करने और उनके दरबार में शीश नवाने के संकल्प के साथ कौशल श्रीमाली ने शुक्रवार सुबह अपने निवास से इस धार्मिक यात्रा का शुभारंभ किया। उनकी इस यात्रा में भक्ति के साथ दृढ़ संकल्प, आत्मविश्वास और शारीरिक परिश्रम का भी अनूठा उदाहरण देखने को मिल रहा है।
यात्रा की शुरुआत से पहले घर में भक्तिमय माहौल रहा। कौशल श्रीमाली की माताजी ने साइकिल की विधिवत पूजा-अर्चना की और अपने पुत्र के माथे पर तिलक लगाकर उन्हें मंगलमय यात्रा के लिए विदा किया। मां के आशीर्वाद और बाबा श्याम के प्रति अटूट आस्था के साथ कौशल ने अपनी मंजिल की ओर रवाना होने के लिये साइकिल का पैडल लगाया पूरा मोहल्ला खाटू श्याम के जयकारों से गूंज उठा। इस भावुक और श्रद्धापूर्ण अवसर पर परिवारजनों, समाजबंधुओं तथा कॉलोनीवासियों ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए यात्रा की सफलता की कामना की।
कौशल श्रीमाली ने इस धार्मिक यात्रा के तहत 8 अक्टूबर को खाटूश्याम जी के पावन दरबार में पहुंचकर दर्शन करने का लक्ष्य लिया है। इसके लिए वे प्रतिदिन करीब 100 किलोमीटर साइकिल चलाऐंगे। यात्रा में उनके साथ चार सहयोगी भी जुड़े हैं, जो समय-समय पर बदलते हुए एक अन्य साइकिल पर उनके साथ सफर करेंगे। साथ में चिराग़ प्रजापति, लोकेंद्र सिंह और जतिन साहू यात्रा कर रहे है।
यात्रा की रवानगी के अवसर पर वार्ड संख्या 1 के पार्षद संजय शर्मा, श्रीमाली समाज के प्रतिनिधि तथा वैशाली नगर कॉलोनी के निवासी मौजूद रहे। सभी ने कौशल श्रीमाली के इस धार्मिक प्रयास की सराहना की और उन्हें बधाई देते हुए सकुशल यात्रा पूरी करने की शुभकामनाएं दीं।
अब कौशल श्रीमाली की निगाहें 8 अक्टूबर को बाबा श्याम के दरबार में पहुंचकर शीश नवाने पर टिकी हैं। उनकी इस यात्रा को लेकर परिजनों, समाजबंधुओं और परिचितों में उत्साह है। सभी को उम्मीद है कि बाबा श्याम के आशीर्वाद और शुभचिंतकों की मंगलकामनाओं के साथ कौशल अपनी इस धार्मिक साइकिल यात्रा को सफलतापूर्वक पूरा करेंगे।