हिन्दुस्तान जिंक के सहयोग से संचालित घाटावाली माताजी किसान उत्पादक कंपनी ने मनाया राष्ट्रीय दुग्ध दिवस

उदयपुर : डाॅ वी जी कुरियन की जयंती पर घाटावाली माताजी किसान उत्पादक कंपनी ने उदयपुर जिले के देबारी के बिछड़ी में राष्ट्रीय दुग्ध दिवस मनाया। 2022 में 30 लीटर दूध की मामूली दैनिक खरीद के साथ शुरू हुआ यह उद्यम अब 40 गुना के दैनिक संग्रह तक बढ़ गया है। भविष्य में इसका महत्वाकांक्षी लक्ष्य 5 हजार लीटर लीटर प्रतिदिन है।
यह प्रगति किसान उत्पादक संगठन एफपीओ की मजबूत नींव का प्रमाण है जो एफपीओ कृषि इनपुट दुकानों के माध्यम से स्वच्छ दूध उत्पादन और गुणवत्ता वाले इनपुट उपलब्ध कराने पर जोर देता है। गाय के अमृत का प्रतिनिधित्व करने वाला ब्रांड गौयम विश्वास और गुणवत्ता का प्रतीक बनकर उभरा है और ए2 बिलोना घी, पनीर, छाछ, मावा और दही जैसे उत्पाद बनाता है। इसके उत्पादन ताज समूह द्वारा भी उपयोग में लिये जाते है जिसने इस वर्ष 30 लाख रुपये के डेयरी उत्पादों की खरीद की है जिससे किसानों की आय में और वृद्धि हुई है।


इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अतिरिक्त निदेशक पशुपालन विभाग डॉ शरद, सरस डेयरी उदयपुर के चेयरमैन डालचंद डांगी और क्रय प्रबंधक गजेंद्र सिंह ताज समूह एवं एसबीयू हेड जिंक स्मेल्टर देबारी विवेक यादव, थे। इस अवसर पर जिंक स्मेल्टर देबारी के सुरक्षा प्रमुख अनूप केआर एवं सुरेंद्र वर्डिया बीएआईएफ आजीविका राज्य प्रमुख, सीएसआर टीम भी उपस्थित थी। एफपीओ के निदेशक मंडल के सदस्य चुन्नीलाल पटेल ने बताया कि एफपीओ से जुड़े डेयरी किसान एफपीओ को बेचे जाने वाले दूध पर प्रति लीटर 6.7 रुपये अतिरिक्त आय हो रही हैं जो समाधान पहल और एफपीओ की सफलता का प्रमाण है। सुरेंद्र वर्डिया ने गौयम ब्रांड को देशभर में विस्तारित करने, किसानों को स्वच्छ दूध उत्पादन के लिए प्रशिक्षित करने और पशुधन प्रजनन में सुधार करने की भविष्य की योजनाओं पर बल दिया। यह पहल किसानों के लिए सस्टेनेबल और लाभदायक भविष्य का निर्माण कर रही है। राष्ट्रीय दुग्ध दिवस भारत की सबसे बड़े दूध उत्पादक के रूप में स्थिति और सामूहिक प्रयास की परिवर्तनकारी शक्ति की याद दिलाता है। विवेक यादव ने एफपीओ में दूध का योगदान बढ़ाने के महत्व पर बल दिया एवं अधिक शेयरधारक किसानों को दूध उत्पादन और संग्रह में सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया। सरस डेयरी के अध्यक्ष डालचंद डांगी ने किसानों को प्रेरित किया कि एफपीओ के सहयोग से प्राप्त ये किसान लाभांश अतिरिक्त आय ही बिछड़ी किसानों के लिए आय का स्थायी स्रोत सुनिश्चित करेगा। इस दौरान पशुपालन विभाग के अतिरिक्त निदेशक डॉ शक्ति अरोड़ा ने स्वच्छ दूध प्रणाली के महत्व पर जानकारी देते हुए बताया कि यह कैसे बिछड़ी के किसानों को अद्वितीय बनाता है। कार्यक्रम के उपरान्त देबारी की महिला डेयरी किसानों को दूध के डिब्बे वितरित किए गए जिन्होंने एफपीसी की सफलता में योगदान दिया है। कार्यक्रम में कुल 90 किसान शामिल हुए।

Related posts:

Hindustan Zinc Transforming the Lives of over 2 Lakh Underprivileged and Specially Abled Children

चिरवा और कैलाशपुरी में वृक्षारोपण

सिटी पेलेस में होलिका रोपण

हिन्दुस्तान जिंक की ‘सखी‘ लीडर्स फॉर सोशल चेंज अवार्ड से सम्मानित

101 वर्षीय वृद्ध को पिम्स हॉस्पीटल उमरड़ा में मिला जीवनदान

हिन्दुस्तान जिंक प्रबंधन द्वारा कर्मचारियों को बोनस एवं एक्सग्रेसीया की घोषणा

शिविर में 43 यूनिट रक्त संग्रहित

कांसेप्चुअल फ्रेमवर्क ऑफ ब्लॉक्चेन अकाउंटिंग पर अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी 27 को

पिम्स हॉस्पिटल में कार्डियोलॉजिस्ट की मदद से बिना ओपन हार्ट सर्जरी के ह्रदय के  छेद का सफल उपचार

पंचकर्म चिकित्सा शिविर में रोगियों को मिल रही राहत, आयुर्वेद के प्रति बढ़ रहा विश्वास

महाराणा मेवाड़ विद्या मंदिर उदयपुर में सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

गरीब से मोलभाव मत करो, ईश्वर कृपा पाओगे– जगद्गुरु श्री वसंत विजयानन्द गिरी जी महाराज