दूरबीन विधि से फेंफड़ों में छेद का सफल उपचार

उदयपुर। पेसिफिक इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (पीआईएमएस) हॉस्पिटल, उमरड़ा में चिकित्सकों ने फेंफड़ों के छेद का दूरबीन विधि से सफल उपचार किया है।
पीआईएमएस के चेयरमेन आशीष अग्रवाल ने बताया कि चित्तौडग़ढ़ निवासी 72 वर्षीय वृद्ध मरीज दमे की समस्या से पीडि़त था। चार माह पहले उन्हें छाती में अचानक से हवा भरने की समस्या हो गई जिसका छाती में चेस्ट टयूब डालकर स्थानीय स्तर पर ही उपचार कर दिया गया था लेकिन 2-3 महिने के बाद फेंफड़ों में छेद की वजह से नली को निकालना भी संभव नही हो पाया। मरीज को ऑपरेशन की भी सलाह दी गई पर उनकी कमजोर हालत को देख ऑपरेशन के लिए अयोग्य बताया। इस पर मरीज ने पीआईएमएस हॉस्पिटल, उमरड़ा के रेस्परिट्री मेडिसिन विभाग में डॉ. अशोक कुवाल से परामर्श किया। डॉ. कुवाल ने दूरबीन विधि द्वारा मरीज के फेफड़ों में छेद की सही जगह पता लगा मरीज के ही रक्त से उस छेद को बंद करने में इस्तेमाल किया। मरीज को अगले दिन डिस्चार्ज कर दिया गया। एक हफ्ते बाद उसकी चेस्ट टयूब भी निकाल दी गई। मरीज अब पूर्णतया स्वस्थ है। उल्लेखनीय है कि संभाग में इस तरह का दूसरा मामला है। प्रथम केस भी पीआईएमएस हॉस्पिटल में डॉ. अशोक कुवाल एवं उनकी टीम द्वारा सफलतापूर्वक किया गया था।

Related posts:

World Quality Day: Hindustan Zinc Reaffirms Commitment to Superior Product Quality & Innovation

खाताबुक का ‘‘पगारखाता ऐप’’ लॉन्च

डॉ औदीच्य का धन्वंतरि सप्ताह के अंतर्गत महिलाओं के स्वास्थ्य पर आधारित व्याख्यान

हिन्दुस्तान जिंक स्थापित करेगा 100 बेड का एयरकंडीशन अत्याधुनिक कोविड फील्ड हाॅस्पीटल

झाड़ोल, सेमारी, जयसमंद में दिव्यांग सहायता शिविर सम्पन्न

HDFC Bank launches Video KYC facility

Hindustan Zinc Retains Global No. 1* Ranking in S&P Global Corporate Sustainability Assessment 2...

कुंदन माली का एकल रचना पाठ व संवाद के साथ हुआ वरिष्ठ जनों का सम्मान

जनजाति अंचल के खिलाड़ियों ने बढ़ाया राजस्थान का गौरव - जनजाति क्षेत्रीय विकास मंत्री

हिन्दुस्तान जिंक द्वारा जनहित के साथ ही रक्तदान जैसे पुनीत कार्य अनुकरणीय : ताराचंद मीणा

NEW RANGE ROVER SPORT REVEALED WITH EPIC SPILLWAY CLIMB

दीपावली के अवसर पर आयोजित स्वागत द्वार प्रतियोगिता का परिणाम घोषित